उत्तरकाशी। उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन एवं ट्रेकिंग स्थल दयारा बुग्याल में ट्रेकिंग के लिए पहुंची नैनीताल निवासी एक युवती रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हो गई है। युवती को लापता हुए तीन दिन बीत चुके हैं, लेकिन अभी तक उसका कोई सुराग नहीं मिल पाया है। वन विभाग, पुलिस और एसडीआरएफ की टीमें लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं।
जानकारी के अनुसार, नैनीताल निवासी 30 वर्षीय बबीता पांडे स्थानीय ट्रैकिंग एजेंसी के माध्यम से दयारा बुग्याल ट्रेक पर पहुंचे 10 सदस्यीय ट्रैकर्स दल का हिस्सा थीं। ट्रैकिंग दल निर्धारित कार्यक्रम के तहत दयारा बुग्याल क्षेत्र में कैंपिंग कर रहा था।
बताया जा रहा है कि शुक्रवार देर रात बबीता पांडे अपने टेंट से बाहर निकली थीं। इसके बाद वह वापस नहीं लौटीं। रात में उनकी गैरमौजूदगी का पता नहीं चल पाया, लेकिन शनिवार सुबह जब ट्रैकर्स दल के सदस्यों ने उन्हें कैंप में नहीं देखा तो उनकी तलाश शुरू की गई। काफी खोजबीन के बाद भी जब उनका कोई पता नहीं चला तो मामले की सूचना वन विभाग और प्रशासन को दी गई।
सूचना मिलते ही प्रशासन ने तत्काल खोज अभियान शुरू कराया। वन विभाग, पुलिस और एसडीआरएफ की संयुक्त टीमें दयारा बुग्याल और आसपास के जंगलों, ट्रैकिंग मार्गों तथा दुर्गम क्षेत्रों में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। हालांकि अब तक युवती का कोई सुराग नहीं मिल पाया है।
टकनौर रेंज के वन क्षेत्राधिकारी रूपमोहन नौटियाल ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि लापता ट्रैकर की तलाश के लिए सभी संबंधित विभाग संयुक्त रूप से अभियान चला रहे हैं। उन्होंने बताया कि ट्रैकिंग दल के अन्य सदस्यों को गोई कैंप में रोका गया है, ताकि उनसे आवश्यक जानकारी जुटाई जा सके और खोज अभियान को प्रभावी बनाया जा सके।
घटना के बाद क्षेत्र में चिंता का माहौल है। प्रशासन और बचाव दल युवती की तलाश में हर संभव प्रयास कर रहे हैं। वहीं परिजन भी उसकी सुरक्षित वापसी की उम्मीद लगाए हुए हैं।