हरिद्वार | न्यूज़ डेस्क देश के गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह आज धर्मनगरी हरिद्वार के एक दिवसीय महत्वपूर्ण दौरे पर पहुंच रहे हैं। शाह का यह दौरा न केवल उत्तराखंड के विकास के लिए अहम है, बल्कि आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों के लिहाज से भी इसे ‘चुनावी शंखनाद’ माना जा रहा है। अपने लगभग सवा चार घंटे के प्रवास के दौरान गृहमंत्री करोड़ों की सौगात देंगे और पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के साथ भविष्य की रणनीति पर मंथन करेंगे।
विकास का ‘महापिटारा’: 427 करोड़ की परियोजनाओं की सौगात
उत्तराखंड सरकार के ‘चार साल बेमिसाल’ कार्यक्रम के उपलक्ष्य में अमित शाह हरिद्वार को बड़ी विकास परियोजनाओं का उपहार देंगे। कुल 427.40 करोड़ रुपये के कार्यों का विवरण इस प्रकार है:
- शिलान्यास: ₹312.31 करोड़ की लागत वाली 19 नई परियोजनाओं की नींव रखी जाएगी।
- लोकार्पण: ₹115.09 करोड़ की लागत से पूर्ण हो चुकी 32 परियोजनाओं का उद्घाटन कर उन्हें जनता को समर्पित किया जाएगा।
राज्य स्तरीय प्रदर्शनी: ‘धामी मॉडल’ का शक्ति प्रदर्शन
वैरागी कैंप में आयोजित होने वाली राज्य स्तरीय प्रदर्शनी में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सरकार के ऐतिहासिक और कड़े फैसलों को प्रदर्शित किया जाएगा। इस प्रदर्शनी के केंद्र में निम्नलिखित मुख्य उपलब्धियां होंगी:
- समान नागरिक संहिता (UCC) का क्रियान्वयन।
- नूतन न्याय संहिता और नए भू-कानून की कार्यप्रणाली।
- देश का सबसे सख्त नकलरोधी कानून और दंगारोधी कानून।
- जबरन धर्मांतरण रोकथाम और अग्निवीरों को 10% क्षैतिज आरक्षण का निर्णय।
चुनावी मंथन: बंद कमरे में होगी रणनीति तैयार
जनसभा को संबोधित करने के बाद, अमित शाह एक निजी होटल में भाजपा के वरिष्ठ नेताओं, मंत्रियों, सांसदों और विधायकों के साथ हाई-प्रोफाइल बैठक करेंगे। सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक का मुख्य एजेंडा आगामी विधानसभा चुनाव के लिए संगठन को सक्रिय करना और प्रदेश की राजनीतिक स्थिति का फीडबैक लेना है।
कार्यक्रम का शेड्यूल: गृहमंत्री हरिद्वार में कुल 4 घंटे 15 मिनट रहेंगे। इस दौरान मंच पर सीएम धामी सहित कैबिनेट के सभी मंत्री और वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहेंगे।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
गृहमंत्री के दौरे को देखते हुए हरिद्वार को हाई अलर्ट पर रखा गया है। वैरागी द्वीप से लेकर कार्यक्रम स्थल तक चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा बल तैनात हैं। पुलिस प्रशासन द्वारा यातायात व्यवस्था में भी बदलाव किए गए हैं ताकि आमजन को असुविधा न हो।