जम्मू-कश्मीर के राजोरी जिले में नियंत्रण रेखा (एलओसी) से सटे क्षेत्रों में मंगलवार शाम को एक बार फिर पाकिस्तानी ड्रोन देखे गए। सेना ने तुरंत जवाबी कार्रवाई करते हुए ड्रोन पर गोलीबारी की, जिसके बाद वे गायब हो गए। सुरक्षा सूत्रों का कहना है कि फायरिंग के बाद ड्रोन या तो सीमा पार पाकिस्तान की ओर लौट गए या कहीं गिर गए होंगे।
जानकारी के अनुसार, शाम लगभग सात बजे से साढ़े सात बजे के बीच सबसे पहले राजोरी के केरी सेक्टर के डूंगा गाला क्षेत्र में दो से तीन ड्रोन दिखाई दिए। सेना ने उन्हें देखते ही गोलीबारी की, जिससे ड्रोन वहां से ओझल हो गए। थोड़ी देर बाद ठंडीकस्सी क्षेत्र में भी ड्रोन देखे गए, जो कुछ समय बाद गायब हो गए।
यह घटना रविवार को राजोरी, पुंछ और सांबा जिलों में पाकिस्तानी ड्रोन देखे जाने के बाद दूसरी बार सामने आई है। सेना ने दोनों क्षेत्रों में घेराबंदी कर दी है और बुधवार सुबह तलाशी अभियान चलाने की योजना बनाई है।
सेना ने स्थानीय लोगों से सतर्क रहने की अपील की है और कहा है कि कोई भी संदिग्ध वस्तु या गतिविधि दिखाई देने पर तुरंत सुरक्षा बलों को सूचित करें।
पुंछ में ट्रेकिंग और हाइकिंग पर दो महीने का प्रतिबंध
सुरक्षा कारणों से पुंछ जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ट्रेकिंग, हाइकिंग और कैंपिंग जैसी सभी गतिविधियों पर तुरंत रोक लगा दी गई है। यह आदेश अगले दो महीनों तक लागू रहेगा।
डीसी कार्यालय पुंछ द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों से प्राप्त इनपुट के आधार पर यह कदम उठाया गया है। आदेश में बताया गया है कि जिले के कुछ ऊंचाई वाले क्षेत्रों में व्यक्तियों और समूहों की आवाजाही जनसुरक्षा के लिए खतरा बन सकती है।
प्रशासन ने आम जनता और पर्यटकों से अपील की है कि वे जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें और सुरक्षा एजेंसियों के साथ सहयोग करें, ताकि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा बनी रहे।