वृंदावन स्थित श्री ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में नववर्ष के अवसर पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने विशेष एडवाइजरी जारी की है। मंदिर प्रबंधन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि 29 दिसंबर से 5 जनवरी तक, अत्यंत आवश्यकता न होने पर, मंदिर आने से परहेज करें। प्रशासन के अनुसार, इन दिनों श्रद्धालुओं की संख्या अत्यधिक रहने की संभावना है, जिससे अव्यवस्था और सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियां बढ़ सकती हैं।
रविवार को कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु सुबह से ही ठाकुर बांके बिहारी के दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे। मंदिर चौक से लेकर सभी प्रवेश मार्गों तक भक्तों की लंबी कतारें लगी रहीं। भीड़ के दबाव और धक्का-मुक्की के बीच श्रद्धालुओं ने दर्शन किए, जिससे व्यवस्था बनाए रखना चुनौतीपूर्ण हो गया।
श्री बांके बिहारी मंदिर के प्रबंधक मुनीष शर्मा ने बताया कि नववर्ष पर देशभर से लाखों श्रद्धालु वृंदावन पहुंचते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए 29 दिसंबर से 5 जनवरी तक के लिए एडवाइजरी जारी की गई है। उन्होंने कहा कि जिन श्रद्धालुओं के लिए यात्रा अनिवार्य नहीं है, वे इन तिथियों में आने से बचें और बाद में दर्शन की योजना बनाएं।
एडवाइजरी में श्रद्धालुओं को निर्देश दिए गए हैं कि वृंदावन आने से पहले भीड़ की स्थिति की जानकारी अवश्य लें। श्रद्धालुओं से अपने साथ कीमती सामान न लाने, मंदिर और आसपास लाउडस्पीकर से होने वाली घोषणाओं को ध्यान से सुनने तथा जूते-चप्पल पहनकर मंदिर परिसर में प्रवेश न करने की अपील की गई है। साथ ही भीड़ में सक्रिय जेबकटों और मोबाइल चोरों से सतर्क रहने को कहा गया है।
मंदिर प्रशासन ने यह भी सलाह दी है कि श्रद्धालु अपनी जेब में घर का पता और मोबाइल नंबर लिखी पर्ची रखें, ताकि किसी आपात स्थिति में सहायता मिल सके। बीमार और अस्वस्थ श्रद्धालुओं से विशेष रूप से अनुरोध किया गया है कि वे अधिक भीड़ के दौरान मंदिर आने से बचें।
वहीं, मंदिर के सेवायत आशीष गोस्वामी ने बताया कि नववर्ष पर अत्यधिक भीड़ के कारण मंदिर की संकरी गलियों में पानी की बोतल जैसी आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति तक प्रभावित हो रही है। मंदिर और आसपास के क्षेत्रों में श्रद्धालुओं की संख्या अधिक होने से लगातार परेशानियां सामने आ रही हैं। ऐसे में उन्होंने भी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे इन दिनों वृंदावन आने से बचें और मंदिर प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।